MP SAMVAAD LOGO 2

वनों की सुरक्षा में शहीद वन कर्मियों को मिलेंगे 25 लाख

0

भोपाल. मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने वन कर्मचारियों को कई सौगात दी. मुख्यमंत्री चौहान राष्ट्रीय वन शहीद दिवस के अवसर पर घोषणा की कि वनों की सुरक्षा करते हुए शहीद वन कर्मचारियों को सम्मान निधि 10 लख रुपए से बढ़कर 25 लाख दी जाएगी. इसके अलावा लंबे समय से मांग कर रहे वन कर्मचारियों को को ₹1000 प्रति महीना पौष्टिक आहार भत्ता दिया जाएगा. वर्दी भत्ता भी 1250 से बढ़कर ₹5000 करने की बात कही.

मुख्यमंत्री चौहान ने यह सभी घोषणाएं वन मंत्री डॉ विजय शाह की आग्रह पर किया है. मुख्यमंत्री चौहान वन भवन के खुले मंच से कहा कि वन विभाग ने फारेस्ट कवर को बढ़ाने का काम किया है. यह मध्य प्रदेश जंगलों की रक्षा करने वाला प्रदेश में बन गया है. देश के साढ़े 12 प्रतिशत वन हमने बचा के रखे है. हमने वन नहीं वन्य प्राणी भी बचाए. हम फिर टाइगर स्टेट है. तेंदूआ, लेपर्ट स्टेट भी हम ही है. घड़ियाल भी हमने ही बचाए है. गिद्दों की रक्षा भी हमारे यहां ही हो रही है. अब चीता स्टेट भी हम बन गए है. वन एवं वन्य प्राणियों को बचाने वाले हम है. सीएम शिवराज ने कहा कि मैं महावत, वन रक्षकों सहित वनों की रखवाली करने वाले मित्रों के साथ बैठक करुंगा. सभी के प्रतिनिधियों को सीएम में बुलाकर उनकी समस्याओं का समाधान करेंगे. मुख्यमंत्री ने कहा कि ग्लोबल वार्मिंग और क्लाइमेंट चेंज के खतरे यह सिद्ध करते हैं कि दुनिया को भारत के बताए रास्ते पर चलना पड़ेगा. पेड़ बचेंगे तो हम बचेंगे.

शहीद स्मारक को देखकर भड़के शाह और लोधी

वन भवन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान डेढ़ घंटे से अधिक की देरी से पहुंचे. इसके पहले शहीद स्मारक पर राज्य वन मंत्री राहुल लोधी पहुंचे. शहीद स्मारक देखते ही वन बल प्रमुख आरके गुप्ता से सवाल कर बैठे कि यह किस कॉन्सेप्ट पर बनाया गया है ? पहली नजर देखने से तो कुछ समझ में नहीं आ रहा है? सवाल का जवाब देने के बजाय यह कहकर बच निकले कि इको पर्यटन बोर्ड की सीईओ ही बता सकती हैं. इसी तरह जब वन मंत्री डॉ स्मारक के सामने पहुंचे तो वहां मौजूद विभाग प्रमुख, पीसीसीएफ और एपीसीसीएफ को स्पष्ट निर्देश दिए कि यह जिसने भी बनाया है, उसके भुगतान तत्काल प्रभाव से रोक दिए जाएं. कॉन्सेप्ट ही समझ में नहीं आ रहा है. डॉ शाह ने सवाल किया कि टाइगर स्टेट मध्य प्रदेश के शहीद स्मारक में बब्बर शेर की तस्वीर क्यों है? उन्होंने कहा कि टाइगर की तस्वीर होनी चाहिए थी. इसको रिप्लेस किया जाए. पूर्व वन बल प्रमुख ने भी स्मारक के कॉन्सेप्ट को बकवास बताया. यहां यह बता दें कि स्मारक दिवस मूर्ति कलाकार रॉबिन डेविड ने इको पर्यटन बोर्ड की सलाह पर बनाया है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed

In respect of all matters arising under and in relation to this Company or the Arrangement and waives, the exclusive jurisdiction of the courts of the Bhopal and the laws of Madhya Pradesh and India, to the fullest extent possible, shall be applicable. | CoverNews by AF themes.