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टैक्स बकाया पर तना पंगा! कुबेरेश्वर धाम ने पंचायत का नोटिस ठुकराया.

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Tax Dispute Heats Up! Kubereswar Dham Rejects Panchayat’s Notice.

Special Correspondent, Sehore, MP Samwad.

Kubereswar Dham faces controversy as it allegedly refuses to accept a Panchayat notice over ₹4 lakh in pending property tax. Despite earning from around 200 shops, a guest house, and a dharmashala, the temple trust has not paid taxes for a year, triggering tensions with local authorities.

MP संवाद, सीहोर। कुबेरेश्वर धाम को संचालित करने वाली विठलेश सेवा समिति की कथित मनमानी से नापला खेड़ी ग्राम पंचायत के कर्मचारी परेशान हैं। धाम की दुकानों का एक साल का ₹4 लाख 20 हजार से अधिक का प्रॉपर्टी टैक्स बकाया है, लेकिन टैक्स जमा करना तो दूर, धाम के प्रबंधक नोटिस लेने तक को तैयार नहीं हैं।

जानकारी के अनुसार, कथावाचक पंडित प्रदीप मिश्रा द्वारा सीहोर जनपद के ग्राम हेमा चितावलिया (ग्राम पंचायत नापला खेड़ी) में कुबेरेश्वर धाम का निर्माण वर्ष 2018 में ग्राम पंचायत से अनुमति लेकर किया गया। लगभग 1 लाख वर्ग फीट क्षेत्र में मंदिर, धर्मशाला, गौशाला, गेस्ट रूम, हाल, भोजनालय और दुकानों का निर्माण हुआ।

पंचायत समिति मंदिर और गौशाला से टैक्स नहीं लेती, लेकिन दुकानें, गेस्ट हाउस और धर्मशाला व्यावसायिक उद्देश्यों से संचालित होने के कारण इन पर टैक्स लगाया जाता है। पिछले एक साल से कुबेरेश्वर धाम समिति ने टैक्स जमा नहीं किया है।

ग्राम पंचायत सचिव और अन्य कर्मचारी हाल ही में टैक्स नोटिस लेकर धाम पहुंचे, लेकिन वहां मौजूद पंडित प्रदीप मिश्रा के भांजे समीर शुक्ला ने नोटिस लेने से साफ मना कर दिया, जिससे कर्मचारियों को खाली हाथ लौटना पड़ा।

बताया जा रहा है कि धाम में करीब 200 दुकानें हैं, साथ ही धर्मशाला और गेस्ट हाउस का किराया भी समिति वसूलती है। इन सभी का व्यावसायिक उपयोग किया जा रहा है।

ग्राम पंचायत नापला खेड़ी के सचिव विक्रम सिंह परमार ने पुष्टि की कि कुबेरेश्वर धाम का ₹4 लाख से अधिक का संपत्ति कर बकाया है। उन्होंने बताया कि इस मामले में सीधे पंडित प्रदीप मिश्रा से बातचीत हुई है और टैक्स जल्द जमा करने का आश्वासन मिला है।

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