MP SAMVAAD LOGO 2

कटनी की पंचायत में विकास नहीं, धांधली के पिलर खड़े हुए!

0
mpsamwad.com Katni Panchayat Scam

In Katni’s Panchayat, No Development—Only Pillars of Corruption Stand Tall!

Mohan Nayak, Special Correspondent, Katni, MP Samwad.

A major irregularity has emerged in Katni’s Jaruwakheda village, where ₹15 lakh was sanctioned for a community hall under the CM Rural Scheme. However, only iron pillars stand on the ground, while over ₹5 lakh has already been withdrawn. Locals demand a probe into the misuse of government funds.

MP संवाद, कटनी। जिले की 407 ग्राम पंचायतों में से अधिकांश में गड़बड़ियां दबाई जाती हैं, लेकिन जो सामने आती हैं, वे ग्राम शासन की सच्चाई को उजागर करती हैं। ताज़ा मामला जनपद पंचायत बहोरीबंद की ग्राम पंचायत गोरहा के पोषक ग्राम जरूवाखेड़ा का है, जहां मुख्यमंत्री ग्राम संपर्क सड़क योजना से स्वीकृत 15 लाख रुपये की सामुदायिक भवन परियोजना में भारी अनियमितताओं के आरोप लगे हैं।


?️ चार महीने में खड़े हुए सिर्फ पिलर, निकल गए 5.34 लाख रुपये

सूत्रों के अनुसार, इस परियोजना की स्वीकृति 2024 में मिली, लेकिन अब तक केवल लोहे के पिलर (कालम) ही खड़े किए गए हैं। वहीं ₹5,34,000 से अधिक की राशि निकाल ली गई
पहला भुगतान 21 जनवरी 2025 को किया गया था। सवाल यह है कि जब कार्य नाममात्र हुआ, तो राशि कहां गई?


? सेवानिवृत्त सचिव पर आरोप, नए सचिव ने भी निकाली राशि

ग्राम पंचायत गोरहा के सरपंच का कहना है कि इस राशि की निकासी तत्कालीन सचिव ओमकार गर्ग ने की, जिनका सेवानिवृत्त आदेश 30 मई 2025 को जारी हुआ।
हालांकि प्रभार मिलने के बाद नए सचिव (कुम्हरवारा ग्राम पंचायत) ने भी ₹88,000 निकाल लिए, लेकिन कार्य की सुध नहीं ली।


? शासन-प्रशासन का नहीं डर?

सिर्फ पिलर खड़े कर पैसे निकालना सीधे तौर पर शासकीय राशि का दुरुपयोग है। यह मामला जांच की मांग करता है कि बाकी पैसे कहां और कैसे खर्च किए गए?

??‍? सीईओ बहोरीबंद का बयान:अभिषेक कुमार (सीईओ, बहोरीबंद) ने कहा:“निर्माण कार्य जारी है। पिलर खड़े किए गए हैं। लगभग ₹4 लाख राशि निकाली गई है। कार्य किया जा रहा है।”हालांकि जमीनी हकीकत इससे मेल नहीं खा रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

In respect of all matters arising under and in relation to this Company or the Arrangement and waives, the exclusive jurisdiction of the courts of the Bhopal and the laws of Madhya Pradesh and India, to the fullest extent possible, shall be applicable. | CoverNews by AF themes.