50% दिव्यांग को 30% का सर्टिफिकेट—कटनी में बड़ा खुलासा!
50% disabled given a 30% certificate—major revelation in Katni!

Special Correspondent, Katni, MP Samwad News.
MP संवाद समाचार, कटनी। कटनी जिले में विकलांगता प्रमाण पत्र को लेकर गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है। ग्राम मोहनिया निवासी एक युवक ने कलेक्टर से न्याय की गुहार लगाते हुए जिला अस्पताल पर गलत प्रमाण पत्र जारी करने का आरोप लगाया है।
50% दिव्यांग, लेकिन प्रमाण पत्र में 30%—कैसे हुआ यह खेल?
पीड़ित जगत यादव का कहना है कि वह दोनों आंखों से लगभग 50 प्रतिशत दिव्यांग हैं, लेकिन जिला अस्पताल ने उन्हें मात्र 30 प्रतिशत का प्रमाण पत्र जारी कर दिया।
युवक कई बार सुधार के लिए अस्पताल के चक्कर लगा चुका है, लेकिन हर बार उसे टाल दिया गया।
90 दिन का वादा भी फेल, शिकायत पर भी सुनवाई नहीं
युवक के अनुसार, सिविल सर्जन ने 90 दिनों में सुधार का आश्वासन दिया था, लेकिन तय समय बीत जाने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई।
यहां तक कि शिकायत दर्ज कराने के बाद भी मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया गया।
योजनाओं से वंचित, बढ़ी आर्थिक परेशानी
गलत विकलांगता प्रमाण पत्र के कारण पीड़ित शासन की कई योजनाओं का लाभ नहीं ले पा रहा है। इससे उसकी आर्थिक और सामाजिक स्थिति पर सीधा असर पड़ रहा है।
प्रशासन से न्याय की मांग
पीड़ित ने कलेक्टर से मांग की है कि उसका सही (50%) विकलांगता प्रमाण पत्र जल्द जारी किया जाए और मामले में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की जाए।
“हक के लिए भटकता दिव्यांग, जिम्मेदार कौन?”
यह मामला स्वास्थ्य व्यवस्था की लापरवाही और संवेदनहीनता को उजागर करता है।
👉 क्या पीड़ित को उसका हक मिलेगा?
👉 या फिर यह मामला भी फाइलों में दब जाएगा?
अब नजर प्रशासन की कार्रवाई पर टिकी है।