कलेक्ट्रेट में भ्रष्टाचार का विस्फोट – 108 पायलट ने आत्मदाह की कोशिश से खोली पोल.
Explosion of Corruption in Collectorate – 108 Pilot Exposes Scandal with Self-Immolation Attempt.
Special Correspondent, Sagar, MP Samwad.
A 108 ambulance pilot in Sagar attempted self-immolation at the Collectorate during a public hearing, alleging relentless bribery demands and harassment by officials. The shocking incident exposed deep-rooted corruption within the district administration. Police intervened in time to prevent tragedy, but the case has sparked serious questions about governance and accountability.
MP संवाद, सागर जिले के कलेक्ट्रेट परिसर में मंगलवार को जनसुनवाई के दौरान बड़ा हंगामा हो गया। एक युवक ने अधिकारियों के सामने ही अपने ऊपर केरोसिन डालकर खुद को आग लगाने की कोशिश की। हालांकि मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने साहस दिखाते हुए समय रहते उसे काबू कर लिया और बड़ा हादसा टल गया।
108 एम्बुलेंस पायलट का रिश्वतखोरी का आरोप
जानकारी के अनुसार, आत्मदाह का प्रयास करने वाला युवक 108 एम्बुलेंस में पायलट है। उसने जिला अधिकारी रविंद्र खरे पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि वे लगातार उससे रिश्वत की मांग कर रहे थे। रिश्वत नहीं देने पर उसे प्रताड़ित किया जा रहा था और ट्रांसफर की धमकी दी जा रही थी। युवक का कहना है कि इसी उत्पीड़न से तंग आकर उसने मजबूरी में यह कदम उठाया।
भ्रष्टाचार के खिलाफ गुस्से का विस्फोट
इस घटना के बाद न सिर्फ जनसुनवाई की प्रक्रिया पर सवाल खड़े हुए, बल्कि प्रशासन की ईमानदारी और जवाबदेही पर भी बड़ा प्रश्नचिह्न लग गया है। आम जनता का कहना है कि अगर सरकारी सिस्टम इतना ही भ्रष्ट है कि एक कर्मचारी को आत्मदाह तक सोचना पड़े, तो यह स्थिति बेहद शर्मनाक और खतरनाक है।
चुप्पी साधे अधिकारी, जांच का हवाला
फिलहाल रिश्वत और प्रताड़ना के आरोपों पर अधिकारी कुछ भी कहने से बच रहे हैं। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है, लेकिन यह घटना जिले की प्रशासनिक व्यवस्था और भ्रष्टाचार की गहरी जड़ों को उजागर करती है। अब देखना होगा कि क्या यह जांच महज औपचारिकता रह जाएगी या सचमुच दोषियों पर कार्रवाई होगी।