लालबर्रा-समनापुर सड़क पर दिखावे का मरहम? जनता ने उठाए सवाल.
A Cosmetic Fix on Lalbarra-Samanapur Road? Public Raises Questions.
Sharad Dhaneshwar, Special Correspondent, Balaghat, MP Samwad.
Citizens criticized the temporary patchwork done on the Lalbarra-Samanapur road using gravel. Locals said the boulders will wash away in rain, risking children’s safety. Former sarpanch and residents questioned the priorities of the local MLA, demanding permanent construction instead of political eyewash.
MP संवाद, बालाघाट (लालबर्रा): आधा-अधूरा सड़क कार्य बना जनता की परेशानी, विधायक ने डलवाया चिल्ली, लोग बोले– “यह भी बह जाएगा”
हाल ही में लालबर्रा-समनापुर मार्ग के अधूरे निर्माण कार्य को लेकर अखबारों और सोशल मीडिया पर आवाज़ उठाई गई। जागरूक युवाओं ने फेसबुक पोस्ट के ज़रिए अपनी नाराज़गी जाहिर की, वहीं स्थानीय पत्रकारों ने भी इसे जनहित से जुड़ा मुद्दा बताते हुए ख़बरों में प्रमुखता दी।
इस जनदबाव का असर यह हुआ कि स्थानीय विधायक अनुभा मुजारे ने अपने निजी व्यय से सड़क के गड्ढों को भरवाने के लिए बारीक चिल्ली डलवाई। लेकिन जनता का कहना है कि यह काम सिर्फ दिखावे के लिए है, क्योंकि बारीक चिल्ली बारिश में बह जाएगी और राहगीरों को फिसलने का खतरा रहेगा — खासकर स्कूली बच्चों को।
?️ पूर्व सरपंच बोले– प्रतीक्षालय से ज़रूरी है सड़क!
अमोली के पूर्व सरपंच बालकरण पंचेश्वर ने विधायक पर कटाक्ष करते हुए कहा,
“सड़क निर्माण की बजाय प्रतीक्षालय और प्रवेश द्वार बनवाए जा रहे हैं, जो कम ज़रूरी हैं। असल ज़रूरत उस सड़क की है जहां बच्चे रोज गिरते हैं और लोगों के कपड़े खराब होते हैं।”
?️ स्थानीयों का सवाल – बारिश में चिल्ली बह जाएगी!
स्थानीय निवासी समीर खान और अखिल खान ने कहा:
“बारीक चिल्ली बरसात में बह जाएगी। अगर यह काम सीमेंट और मजबूती के साथ किया जाता तो टिकाऊ होता।”
हालांकि अखबारों में यह प्रकाशित हुआ है कि विधायक अनुभा मुजारे भोपाल से लौटने के बाद सड़क निर्माण करवाएंगी, अब देखने वाली बात यह है कि यह सिर्फ राजनीतिक जुमला है या वास्तव में कार्रवाई होगी।