सरकारी अस्पताल में ब्लड का खेल! लापरवाह कर्मचारियों पर कलेक्टर की सख्त कार्रवाई.
Illegal blood extraction case rocks Bhind hospital; five staff suspended after media exposure. Collector orders full investigation.
Collector takes strict action in Bhind hospital blood scam involving illegal extraction of blood from a 16-year-old minor.
Blood Scam in Government Hospital! Strict Action by Collector Against Negligent Staff.
Malkhan Singh Parmar, Special Correspondent, Morena, MP Samwad.
A shocking blood scam has surfaced in Bhind District Hospital where a 16-year-old minor’s blood was illegally extracted and sold. Collector Sanjeev Shrivastava took immediate action after media reports, suspending five negligent staff members. Further investigations are ongoing, and stricter actions are likely against all those involved.
भिंड: जिला अस्पताल में ब्लड की अवैध खरीद-फरोख्त का मामला सामने आने के बाद प्रशासन हरकत में आ गया है। मीडिया रिपोर्ट्स में मामला उजागर होने के बाद भिंड कलेक्टर संजीव श्रीवास्तव ने जिला अस्पताल का औचक निरीक्षण किया और जिम्मेदार अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई। ब्लड बैंक के सीसीटीवी फुटेज की जांच के बाद पांच कर्मचारियों पर कार्रवाई की गई है।
सस्पेंड हुए ये कर्मचारी:
जांच में प्रथम दृष्टया दोषी पाए जाने पर निम्नलिखित कर्मचारियों को सस्पेंड कर दिया गया—
- ललित वर्मा (लेब अटेंडेंट)
- सपना नरगेस (नर्सिंग ऑफिसर)
- ऋतु संयाम (नर्सिंग स्टाफ)
- ऋषभ मिश्रा (लेब टेक्नीशियन)
- अर्निका शर्मा (डाटा ऑपरेटर) – सेवा से निष्कासित
आगे भी हो सकती है बड़ी कार्रवाई
सिविल सर्जन डॉ. आर.के. राजौरिया ने बताया कि नाबालिग का बिना जांच के ब्लड निकालने के मामले में दोषी कर्मचारियों की जांच जारी है। जांच रिपोर्ट आने के बाद और कड़ी कार्रवाई की जा सकती है।
पूरा मामला?
भिंड जिला अस्पताल में 16 वर्षीय नाबालिग बच्चे का जबरन ब्लड निकालकर उसकी बिक्री कर दी गई थी। इस घटना का खुलासा तब हुआ जब बच्चे की अचानक तबीयत बिगड़ने लगी। घबराए परिजनों ने उसे तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया। फिलहाल बच्चे की हालत गंभीर बनी हुई है।
मीडिया में खबर आने के बाद प्रशासन ने तत्काल जांच कमेटी गठित की। डीएम ने मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया और दोषियों पर सख्त कार्रवाई के आदेश दिए।
प्रशासन का स्पष्ट संदेश: ब्लड बैंक में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।