क्रूज हादसे में लापरवाही या संरक्षण? हाईकोर्ट में उठे बड़े सवाल.
Negligence or Protection in the Cruise Tragedy? Big Questions Raised in the High Court.

Special Correspondent, Richa Tiwari, Bhopal, MP Samwad News.
MP संवाद समाचार, भोपाल।
मध्य प्रदेश के Jabalpur जिले में हुए बरगी बांध क्रूज हादसे को लेकर Madhya Pradesh High Court में दूसरी जनहित याचिका (PIL) दायर की गई है। याचिका में राज्य सरकार, स्थानीय प्रशासन और Madhya Pradesh Tourism Board को हादसे के लिए जिम्मेदार ठहराते हुए विशेष जांच दल (SIT) गठित करने की मांग की गई है।
यह नई जनहित याचिका सामाजिक कार्यकर्ता Pushpa Tiwari द्वारा दायर की गई है। याचिका में मांग की गई है कि जांच में आईजी स्तर के अधिकारियों को शामिल किया जाए ताकि पूरे मामले की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच सुनिश्चित हो सके।
येलो अलर्ट के बावजूद क्रूज संचालन पर सवाल
याचिका में आरोप लगाया गया है कि India Meteorological Department द्वारा येलो अलर्ट जारी किए जाने के बावजूद क्रूज का संचालन जारी रखा गया। खराब मौसम के दौरान पर्यटकों को बांध के जलक्षेत्र में ले जाना गंभीर प्रशासनिक लापरवाही बताया गया है।
याचिकाकर्ता का कहना है कि यह केवल एक दुर्घटना नहीं, बल्कि सुरक्षा मानकों की अनदेखी का परिणाम है।
हादसे के बाद क्रूज की जल्द डिस्मेंटलिंग पर संदेह
जनहित याचिका में हादसे के बाद क्रूज को जल्दबाजी में डिस्मेंटल किए जाने पर भी गंभीर सवाल उठाए गए हैं। आरोप है कि इससे महत्वपूर्ण साक्ष्यों के प्रभावित होने की आशंका पैदा हुई है।
याचिका में यह भी कहा गया है कि सरकार और संबंधित विभाग जिम्मेदार अधिकारियों को बचाने का प्रयास कर रहे हैं।
पहले भी दायर हो चुकी है एक PIL
इस मामले में Bhopal निवासी Kamal Kumar Rathi पहले ही हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर चुके हैं। इसके अतिरिक्त जिला अदालत ने स्वतः संज्ञान लेते हुए रिपोर्ट दर्ज करने के निर्देश दिए थे।
अब दूसरी PIL दाखिल होने के बाद मामले ने और गंभीर रूप ले लिया है। यह प्रकरण अगले सप्ताह हाईकोर्ट में सुनवाई के लिए सूचीबद्ध किया गया है।
बड़ा सवाल
क्या बरगी क्रूज हादसे की जांच में सच सामने आएगा, या जिम्मेदारों को बचाने की कोशिश जारी रहेगी?