cropped-mp-samwad-1.png

खनन से समृद्धि या विस्थापन? उमंग सिंघार का सरकार पर बड़ा हमला.

0
Katni Mining Conclave Protest Umang Singhar mpsamwad.com

Prosperity or Displacement from Mining? Umang Singhar’s Major Attack on the Government

Special Correspondent, Bhopal, MP Samwad.

MINING CONCLAVE IN KATNI SPARKS DEBATE. LEADER OPPOSITION UMANG SINGHAR QUESTIONS GOVERNMENT ON LOCAL JOBS, ENVIRONMENTAL IMPACT, DISPLACEMENT, AND ILLEGAL MINING, DEMANDING TRANSPARENCY AND ACCOUNTABILITY.

MP संवाद, कटनी। मध्यप्रदेश के कटनी जिले में ‘मध्यप्रदेश माइनिंग कॉन्क्लेव 2.0’ का आयोजन किया जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार इस कॉन्क्लेव का मुख्य फोकस कोयला एवं ऊर्जा, हाइड्रोकार्बन, तकनीकी प्रगति, क्रिटिकल मिनरल्स और चूना पत्थर एवं सीमेंट पर रहेगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव इसमें विषय-विशेषज्ञों और निवेशकों से वन-टू-वन चर्चा करेंगे।
बताया जा रहा है कि इस कार्यक्रम में देशभर से आए लगभग 2 हजार निवेशक और उद्योगपति शामिल हो रहे हैं।


उमंग सिंघार का सवाल – “स्थानीयों का हक क्यों छीना जा रहा?”

नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कॉन्क्लेव पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि सरकार को यह स्पष्ट करना चाहिए कि यह आयोजन स्थानीय बेरोजगारों और माइनिंग कारोबारियों के लिए है या विदेशी कंपनियों को लीज देने के लिए
उन्होंने तंज कसते हुए कहा—

“सरकार को पहले यहां के डेढ़ हजार स्थानीय माइनिंग कारोबारियों पर विचार करना चाहिए, उसके बाद बाहरी कंपनियों को लीज देना उचित होगा।”


अवैध खनन, रॉयल्टी चोरी और पर्यावरण पर हमला

उमंग सिंघार ने आरोप लगाया कि प्रदेश में रेत माफिया सक्रिय हैं और CAG की 2023 की रिपोर्ट में भी 90% रॉयल्टी चोरी की पुष्टि की गई है।
उन्होंने कहा कि—

  • SIYA के तहत 450 ‘डीम्ड परमिशन’ बिना बैठक के कंपनियों को दी गईं।
  • एक-एक कंपनी से करोड़ों की वसूली हुई, यह पर्यावरण के साथ मजाक है।
  • पिछले 15 साल में 40 हजार हेक्टेयर जंगल काटे गए, जिससे आदिवासी विस्थापित हुए।

DMA फंड और विस्थापन का मुद्दा

सिंघार ने डिस्ट्रिक्ट माइनिंग फंड (DMA) पर भी सरकार को घेरा। उनका आरोप है कि 10 साल में ₹13 हजार करोड़ का फंड आया, लेकिन इसका उपयोग प्रभावित क्षेत्रों और विस्थापित परिवारों के लिए नहीं हुआ।
उन्होंने कहा कि—

“जहां खदानें हैं, वहां के लोग सबसे ज्यादा प्रभावित हुए, लेकिन उन्हें न तो मौलिक सुविधाएं मिलीं और न ही विकास। यह कॉन्क्लेव नहीं बल्कि भाजपा का खनिज उत्सव है।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

In respect of all matters arising under and in relation to this Company or the Arrangement and waives, the exclusive jurisdiction of the courts of the Bhopal and the laws of Madhya Pradesh and India, to the fullest extent possible, shall be applicable. | CoverNews by AF themes.