cropped-mp-samwad-1.png

सरकारी फंड का फर्जीवाड़ा! रीठी पंचायत में निकले बिना दस्तखत के बिल.

0

रीठी पंचायत में सरकारी धन का फर्जीवाड़ा! बिना हस्ताक्षर के पास हुए लाखों के बिल, क्या होगी कोई कार्रवाई? जानिए पूरी रिपोर्ट।

रीठी पंचायत में सरकारी धन के फर्जी बिलों का खुलासा

रीठी पंचायत में बिना सील और हस्ताक्षर के पास किए गए फर्जी सरकारी बिल

Misuse of Government Funds! Fake Bills Issued Without Signatures in Reethi Panchayat.

Special Correspondent, Bhopal, MP Samwad.

कटनी। पंचायतों में हो रहे भ्रष्टाचार और गड़बड़झाले पर अधिकारी चुप्पी साधे हुए हैं। सरकार भले ही डिजिटल पेमेंट और ऑनलाइन ट्रांजैक्शन को बढ़ावा दे रही हो, लेकिन जमीनी स्तर पर ग्राम पंचायतों में फर्जी बिल बनाकर सरकारी राशि का दुरुपयोग किया जा रहा है। सरपंच और सचिव योजनाओं के नाम पर गांव की भोली-भाली जनता को गुमराह कर अपने फायदे के लिए सरकारी धन का गलत इस्तेमाल कर रहे हैं।

फर्जी बिल बनाना बन गया रस्म

मिली जानकारी के अनुसार, जिले की रीठी जनपद पंचायत क्षेत्र की सबसे दूरस्थ ग्राम पंचायत ढूढरी में योजनाओं और कार्यक्रमों के नाम पर फर्जी बिलों का खेल आम बात हो गई है। यदि उच्च अधिकारियों द्वारा निष्पक्ष जांच करवाई जाए तो कई ऐसे बिल सामने आ सकते हैं, जो बिना सरपंच और सचिव के हस्ताक्षर व सील के जारी किए गए हैं।

गणतंत्र दिवस कार्यक्रम में भी गड़बड़ी

ग्राम पंचायत ढूढरी में पूर्व में हुए गणतंत्र दिवस समारोह में फर्जी बिलों के माध्यम से सरकारी धन का दुरुपयोग किया गया। 47 सौ रुपए की लाई और 10 हजार रुपए की मिठाई दिखाई गई, जबकि पूरे कार्यक्रम में ₹35,600 का फर्जी बिल बिना सरपंच-सचिव की सील और हस्ताक्षर के ही पास कर दिया गया।

नियमों के अनुसार, कोई भी भुगतान बिना सरपंच और सचिव की स्वीकृति, हस्ताक्षर और ओटीपी के बिना नहीं किया जा सकता। लेकिन पंचायत में कई ऐसे फर्जी बिल जारी किए गए हैं, जिनमें ये जरूरी प्रक्रिया पूरी नहीं की गई।

भ्रष्टाचार पर अधिकारी मौन

ग्राम पंचायत में इस स्तर तक भ्रष्टाचार फैला हुआ है, लेकिन उच्च अधिकारी इस पर मौन धारण किए बैठे हैं। अब देखने वाली बात यह होगी कि क्या इन अनियमितताओं पर कोई ठोस कार्यवाही की जाएगी या नहीं।

सीईओ जनपद रीठी का बयान

चंदूलाल पानिका (सीईओ, जनपद रीठी) ने कहा:
“बिना सील और हस्ताक्षर के बिल पास करवाना पूरी तरह गलत है। किसी भी बिल के पास होने में सरपंच और सचिव की स्वीकृति आवश्यक है। इस मामले की जांच कर उचित कार्रवाई की जाएगी।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

All Rights Reserved for MP Samwad LLP | CoverNews by AF themes.