PM एक्सीलेंस कॉलेज की अतिक्रमण से ज़मीन बचाने की जंग: प्रशासन बना मूकदर्शक.
Visual evidence of PM Excellence College’s land encroachment – illegal structures within campus and student protests against administration inaction
Students protest against land encroachment at PM Excellence College Sidhi where illegal structures have mushroomed within campus boundaries
PM Excellence College’s fight against land encroachment: Administration turns blind eye.
Special Correspondent, Sidhi, MP Samwad.
सीधी का PM एक्सीलेंस कॉलेज अतिक्रमण से जूझ रहा! कैंपस में अवैध झुग्गियों में नशा व्यापार, राजस्व अधिकारी निष्क्रिय। छात्र सिकुड़ते खेल मैदान और सुरक्षा को लेकर आक्रोशित। प्राचार्य ने लिख डाले कई पत्र। क्या प्रशासन अब कार्रवाई करेगा?
PM EXCELLENCE COLLEGE IN SIDHI BATTLES LAND ENCROACHMENT! Dozens of illegal structures house drug peddlers on campus as revenue officials remain inactive. Students protest shrinking playground and security threats. Principal exhausted writing complaints. Will authorities finally act?
MP संवाद, सीधी: मध्य प्रदेश के सीधी जिले में संचालित प्रधानमंत्री एक्सीलेंस कॉलेज अपनी ही जमीन बचाने को मजबूर है। कॉलेज परिसर में दर्जनों अवैध खपरैल मकान बन चुके हैं, जहां नशेड़ियों का अड्डा चल रहा है। हैरानी की बात यह है कि राजस्व विभाग ने अब तक इस अवैध कब्जे को हटाने के लिए कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है।
प्रमुख समस्याएं:
- अवैध निवास: कॉलेज परिसर में 12 से अधिक परिवारों ने अतिक्रमण कर मकान बना लिए हैं
- नशा बिक्री: यहां नशीले पदार्थों की खुलेआम बिक्री हो रही है
- खेल मैदान की दुर्दशा: मैदान का उपयोग वाहन चलाने की प्रैक्टिस और सामान रखने के लिए किया जा रहा है
- सुरक्षा संकट: छात्र-छात्राओं को लगातार असुरक्षित महसूस हो रहा है
प्राचार्य की निराशा:
कॉलेज के प्राचार्य डॉ. पी.के. सिंह ने बताया, “हमने कई बार राजस्व विभाग को पत्र लिखा है, लेकिन अभी तक सीमांकन भी नहीं हो पाया है। पत्राचार करते-करते हम थक गए हैं।”
छात्रों की पीड़ा:
- खेल प्रतियोगिताएं नहीं हो पातीं
- नशेड़ियों की उपस्थिति से डर का माहौल
- कॉलेज की जमीन दिनों-दिन सिकुड़ रही है
अधिकारियों की चुप्पी:
स्थानीय प्रशासन और राजस्व विभाग इस मामले में खामोश बने हुए हैं। कॉलेज प्रशासन का आरोप है कि अतिक्रमणकारियों के साथ मिलीभगत के कारण कोई कार्रवाई नहीं हो रही है।
आगे की कार्रवाई:
- कॉलेज प्रशासन ने जिला कलेक्टर से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है
- छात्र संगठनों ने जनसुनवाई में मामला उठाने की धमकी दी है
- स्थानीय नेताओं ने विधानसभा सत्र में इस मुद्दे को उठाने का वादा किया है