MP पुलिस भर्ती में बड़ा फर्जीवाड़ा! SIT को सौंपी गई जांच की कमान.
Major Scam in MP Police Recruitment! Investigation Handed Over to SIT.
Special Correspondent, Shivpuri, MP Samwad.
A major scam has surfaced in the MP Police Constable recruitment. Shivpuri SP formed an SIT to investigate 6 fake candidates who allegedly used solvers. Biometric mismatches and forged documents exposed the fraud. The SIT, led by Additional SP, will submit a full report within a month.
MP पुलिस आरक्षक भर्ती में बड़ा फर्जीवाड़ा उजागर हुआ है। शिवपुरी एसपी ने जांच के लिए SIT गठित की है। 6 फर्जी उम्मीदवारों ने सॉल्वर के जरिए परीक्षा दी थी। आधार और फिंगरप्रिंट में गड़बड़ी सामने आई। एक महीने में जांच रिपोर्ट सौंपी जाएगी।
शिवपुरी | MP संवाद, मध्य प्रदेश के चर्चित आरक्षक भर्ती घोटाले में बड़ा खुलासा हो सकता है। शिवपुरी जिले के पुलिस अधीक्षक अमन सिंह राठौड़ ने इस घोटाले की जांच के लिए विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया है। यह टीम एक माह के भीतर रिपोर्ट सौंपेगी।
शिवपुरी के सतनबाड़ा थाना क्षेत्र में अब तक 6 नव-नियुक्त आरक्षकों के खिलाफ सॉल्वर की मदद से परीक्षा देने का मामला दर्ज हो चुका है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि यह एक संगठित गैंग हो सकता है, जिसमें सॉल्वर और फर्जी उम्मीदवार शामिल हैं।
❓ क्या है मामला?
वर्ष 2023 में एसएएफ की 18वीं बटालियन शिवपुरी में आरक्षक और रेडियो पदों के लिए परीक्षा आयोजित हुई थी। इस भर्ती में ग्वालियर के भंवरपुरा (जखौदा गांव) निवासी निर्भय सिंह गुर्जर और डबरा के रजियादार निवासी भूपेंद्र सिंह गुर्जर ने हिस्सा लिया।
पुलिस मुख्यालय द्वारा आधार कार्ड के फिंगरप्रिंट और शारीरिक परीक्षा में लिए गए फिंगरप्रिंट्स का मिलान करने पर गंभीर अंतर सामने आया। दोनों की फोटो और बायोमेट्रिक डाटा में मिसमैच मिलने के बाद फर्जीवाड़े की पुष्टि हुई।
? अब तक 6 नाम शामिल
सतनबाड़ा थाने में दर्ज मामलों में जिन अभ्यर्थियों के नाम सामने आए हैं, उनमें रामनरेश, भूपेंद्र, धर्मेंद्र, मोनू रावत, अंकेश रावत और निर्भय सिंह शामिल हैं। इन सभी के आधार कार्ड और हस्ताक्षरों की प्रामाणिकता संदिग्ध पाई गई है।
? SIT में कौन-कौन?
SIT में एडिशनल एसपी शिवपुरी सहित कुल 4 अधिकारी शामिल किए गए हैं। टीम का दायित्व एक महीने में जांच पूरी कर घोटाले के पीछे की पूरी सच्चाई उजागर करना है।
? एसपी का बयान
पुलिस अधीक्षक अमन सिंह राठौड़ ने कहा, “यह मामला बेहद गंभीर है और पुलिस ने इसे पूरी संवेदनशीलता के साथ लिया है। अब तक 6 संदिग्धों की पहचान हो चुकी है, जिनसे गहन पूछताछ की जा रही है।”